स्वास्थ्य अधिकारियों ने युवा आयु वर्ग में बढ़ते मामलों का हवाला देते हुए जीवनशैली से जुड़ी बीमारियों की जाँच जल्दी शुरू करने के नए दिशानिर्देश जारी किए हैं।
डॉक्टर हालिया नैदानिक आँकड़ों में दिख रहे मुख्य कारणों के तौर पर गतिहीन दिनचर्या और खान-पान में बदलाव को गिनाते हैं।
दिशानिर्देशों में जोखिम वाले समूहों के लिए पहले के मानकों से एक दशक पहले नियमित जाँच शुरू करने की सिफ़ारिश की गई है।