शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की घोषणा होते ही दिल्ली के जंतर-मंतर पर जश्न का माहौल बन गया। हफ्तों से यहां NEET पेपर लीक के खिलाफ प्रदर्शन कर रहे छात्रों और कार्यकर्ताओं ने इसे अपने आंदोलन की एक बड़ी जीत बताया।
प्रदर्शनकारी लंबे समय से शिक्षा मंत्री के इस्तीफे समेत तीन प्रमुख मांगों को लेकर धरने पर बैठे थे। इस्तीफे की खबर आते ही नारेबाजी और खुशी के बीच माहौल पूरी तरह बदल गया।
आंदोलन से जुड़े लोगों ने कहा कि यह छात्रों की एकजुटता और शांतिपूर्ण संघर्ष की जीत है। उन्होंने इसे परीक्षा प्रणाली में जवाबदेही की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम बताया।
हालांकि कुछ प्रदर्शनकारियों ने यह भी कहा कि उनका आंदोलन केवल इस्तीफे तक सीमित नहीं है, बल्कि परीक्षा प्रणाली में ठोस सुधार और दोषियों पर कार्रवाई तक जारी रहेगा।
प्रशासन ने जंतर-मंतर और आसपास के इलाकों में सुरक्षा व्यवस्था बनाए रखी, ताकि जश्न के दौरान किसी भी अप्रिय स्थिति से बचा जा सके।



